एनआईए क्या है, फुल फॉर्म, एक्ट (NIA Kya hai, Act, Full Form)

एनआईए क्या है, फुल फॉर्म, एक्ट, प्रमुख कौन है, स्थापना कब हुई, महानिदेशक, सैलरी, क्या काम होता है (NIA Kya hai, Act, Full Form) (Recruitment, Salary, Work)

आपको याद होगा कि, हमारे देश में साल 2008 में मुंबई के ताज होटल में पाकिस्तानी आतंकवादियों के द्वारा भीषण हमला किया गया था, जिसमें बहुत से भारतीय लोगों की मृत्यु हुई थी, साथ ही कुछ विदेशी लोगों की भी मौत हो गई थी। इसके अलावा कई आतंकवादी भी इस हमले में मारे गए थे। इसके पश्चात सरकार को यह एहसास हुआ कि, उन्हें एक ऐसी इन्वेस्टिगेशन एजेंसी की जरूरत है, जो सेंट्रल गवर्नमेंट के अंतर्गत काम करें और आतंकवादियों की गतिविधि पर नजर बनाकर के रखे और उनके ऑपरेशन को असफल कर दें। इस प्रकार से सरकार के द्वारा जो संस्था बनाई गई, उसे एनआईए कहा गया। चलिए इस आर्टिकल में जानकारी प्राप्त करते हैं कि एनआईए क्या हैऔरएनआईए का काम क्या है.

NIA Kya hai

एनआईए क्या है (NIA Details)

संस्था का नामएनआईए
स्थापना2009
किसने स्थापित कीकेंद्र सरकार
अधीनकेंद्र सरकार का गृह मंत्रालय
सालाना बजट182 करोड़
कर्मचारी649
अध्यक्षदिनकाल गुप्ता
मुख्यालयसीजीओ कंपलेक्स, नई दिल्ली, भारत
एक्टएनआईए अमेंडमेंट एक्ट (2019)
वेबसाइटhttps://www.nia.gov.in/

एनआईए फुल फॉर्म क्या है (NIA Full Form)

NIA: NATIONAL INVESTIGATION AGENCY

एनआईए का पूरा मतलब “नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी” होता है तथा नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी को हिंदी में “राष्ट्रीय जांच एजेंसी” के नाम से जाना जाता है।

एनआईए क्या होता है (What is NIA)

नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी के द्वारा देश में जो भी आतंकवादी गतिविधि होती है, उन पर नजर रखी जाती है और उन्हें रोकने का तथा देश में यदि आतंकवादी गतिविधि किसी भी जगह पर है, तो उसे खत्म करने का काम किया जाता है। भारत के केंद्र सरकार के द्वारा नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी को विशेष अधिकार प्रदान किए गए हैं, ताकि नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी आतंकवादी गतिविधि में लिप्त पाए गए लोगों पर कठोर कार्रवाई कर सके। और उनकी प्रॉपर्टी को सीज करके व्यक्ति के खिलाफ अथवा संगठन के खिलाफ आतंकवादी मुकदमा चलाया जा सके और व्यक्ति को आरोप साबित होने पर सजा दी जा सके। नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी के जो काम होते हैं, उसमें किसी भी स्टेट गवर्नमेंट के द्वारा हस्तक्षेप नहीं किया जा सकता है, क्योंकि स्टेट गवर्नमेंट को ऐसा करने का अधिकार नहीं है। बताना चाहते हैं कि, साल 2008 में 31 दिसंबर के दिन नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी का गठन किया गया था, क्योंकि इसी दिन भारत की संसद के द्वारा राष्ट्रीय एजेंसी विधेयक 2008 को पारित किया गया था और इसी के अंतर्गत राष्ट्रीय जाच एजेंसी का गठन किया गया था।

संस्थापक की बात करें, तो नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी के संस्थापक के तौर पर राधा विनोद राजू का नाम लिया जाता है, जिन्होंने 31 जनवरी 2010 को अपना कार्यकाल खत्म कर लिया है। उपरोक्त एजेंसी का सालाना बजट 182 करोड रुपए है और इसका हेड क्वार्टर देश में दिल्ली राज्य में मौजूद है। वर्तमान के समय में एजेंसी में 649 कर्मचारी काम कर रहे हैं। एजेंसी का कानूनी कार्य क्षेत्र भारत रहता है। एजेंसी की आधिकारिक वेबसाइट WWW.NIA.GOV.IN है।

एनआईए का काम (NIA Work)

देश की सुरक्षा के लिए लगातार काम करने वाली प्रमुख एजेंसी मे नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी में काम करने वाले अधिकारियों के द्वारा हमारे हिंदुस्तान देश की सिक्योरिटी के लिए लगातार काम किया जाता है और यह भारत की संप्रभुता को तथा अखंडता को बनाने का भी काम करती है। इसके अलावा नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी के अधिकारी गुप्त रूप से देश में जो लोग संदेह के दायरे में होते हैं, उन पर नजर बनाकर रखती है और उनकी एक्टिविटी को देखती रहती है। और अगर अधिकारियों को यह शक होता है कि, कोई व्यक्ति देश के खिलाफ साजिश रच रहा है, तो नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी उसे बिना किसी बड़े अधिकारी को सूचित किए हुए गिरफ्तार कर सकती है। इसके अलावा किसी क्रिमिनल या आतंकवादी के पकड़े जाने पर नेशनल यूनिवर्सिटी एजेंसी के द्वारा उस पर मुकदमा चलाया जाता है और आरोप साबित होने पर उसकी संपत्ति को कुर्क किया जाता है और अदालत के द्वारा उसे सजा सुनाई जाती है।

एनआईए की ताकत (Power of NIA)

नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी में शामिल अधिकारियों को भारत की केंद्र सरकार के द्वारा कुछ विशेष अधिकार दिए गए हैं, जो देश में मौजूद दूसरी इन्वेस्टिगेशन एजेंसी की तुलना में काफी ज्यादा है। जैसे कि सरकार के द्वारा देश में आतंकवाद, देश के खिलाफ हो रही एक्टिविटी या फिर परमाणु ठिकानों से संबंधित गुनाह में जांच करने का अधिकार नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी के अधिकारियों को प्रदान किया गया है। नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी में जो भी अधिकारी काम करते हैं, वह सिर्फ केंद्र सरकार के उच्च अधिकारियों के द्वारा जो आदेश दिए जाते हैं, उनका ही पालन करते हैं और यह राज्य सरकार के किसी भी अधिकारी की कोई भी बात नहीं सुनते हैं। जानकारी के लिए बताना चाहते हैं कि, राष्ट्रीय जांच एजेंसी का कोई भी ऑफिसर जब चाहे तब देश में या फिर विदेश में जाकर के इंडियन लोगों के खिलाफ जो भी आतंकवाद या फिर क्राइम से संबंधित मामले हैं, उनकी जांच कर सकते हैं।

एनआईए के अधिकार

यदि भारत की केंद्र सरकार के द्वारा आदेश दिया जाता है, तो किसी मामले की छानबीन करने के लिए अर्थात इन्वेस्टिगेशन करने के लिए नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी के ऑफिसर देश के बाहर जा सकते हैं या फिर देश के ही किसी हिस्से में किसी मामले की छानबीन कर सकते हैं। हम यहां पर यह भी बताना चाहते हैं कि, यदि किसी खतरनाक क्रिमिनल का नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी के कोर्ट में अगर ट्रायल चल रहा है, तो उसे किसी भी अदालत में प्रस्तुत होने से रोका जा सकता है। और अगर सबूत न होने की वजह से या फिर कम सबूत होने की वजह से किसी कोर्ट के द्वारा किसी क्रिमिनल को जमानत देने पर विचार किया जा रहा है, तो नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी ऐसे मामले पर चाहे तो खुद भी संज्ञान ले सकती है और गुप्त रूप से सबूत या फिर मामले से रिलेटेड इनफार्मेशन को शेयर कर सकती है।

एनआईए के प्रमुख

फिलहाल के समय में नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी के अध्यक्ष के पद पर विराजमान व्यक्ति का नाम डीजीपी दिनकर गुप्ता है, जिन्हें राष्ट्रीय जांच एजेंसी का महानिदेशक बनाया गया है। यह इस पद पर साल 2024 के 31 मार्च के दिन तक बने रहेंगे। जानकारी के लिए बताना चाहते हैं कि, डीजीपी दिनकर गुप्ता 1987 के बैच के पंजाब कैडर के आईपीएस ऑफिसर रह चुके हैं, जो अब राष्ट्रीय जांच एजेंसी के अध्यक्ष की कमान संभाल रहे हैं।

एनआईए में मौजूद पोस्ट (NIA Vacancy)

राष्ट्रीय जांच एजेंसी में निम्न पदों पर वैकेंसी के अंतर्गत रिक्रूटमेंट की जाती है।

  • कनिष्ठ अनुसंधान अधिकारी
  • फिंगर प्रिंट एक्सपर्ट
  • एक्सप्लोसिव एक्सपर्ट
  • असिस्टेंट
  • पुलिस उप अधीक्षक
  • अपर पुलिस अधीक्षक
  • इंस्पेक्टर
  • साइबर फॉरेंसिक एग्जामिनर
  • क्राइम सीन असिस्टेंट
  • बायोलॉजी एक्सपर्ट
  • फोटोग्राफर
  • टेक्निक फॉरेंसिक साइकोलॉजिस्ट
  • वरिष्ठ लोक अभियोजक
  • सब इंस्पेक्टर
  • असिस्टेंट सब इंस्पेक्टर
  • वरिष्ठ निजी सचिव
  • उप कानूनी सलाहकार
  • अकाउंटेंट
  • सार्वजनिक अभियोक्ता
  • वरिष्ठ अनुसंधान अधिकारी
  • अनुसंधान अधिकारी
  • आशुलिपिक

एनआईए की सैलरी (NIA Salary)

राष्ट्रीय जाच एजेंसी में अलग-अलग प्रकार के पद होते हैं और अलग-अलग प्रकार के पद पर मिलने वाली तनख्वाह भी अलग-अलग होती है। इसके अलावा शहरों के हिसाब से भी सैलरी अलग-अलग होती है। जैसे की कैटिगरी X के तहत आने वाले शहरों में शुरुआती सैलरी 43, 166 हर महीने और कैटिगरी Y के तहत आने वाले शहरो में शुरुआती सैलरी 39, 492 रुपए हर महीने होती है। वही Z कैटिगरी  में आने वाले शहरों में सैलरी 37, 664 रुपए हर महीना होती है। नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी के कुछ प्रमुख पदों की सैलरी निम्न टेबल के माध्यम से जान सकते हैं।

टेक्निकल एनआईए साइकोलोजिस्ट15600-39100 + ग्रेड पे 5400/- रुपये
क्राइम सीन असिस्टेंट15600-39100 + ग्रेड पे 5400/- रुपये
साइबर फॉरेंसिक एग्जामिनर15600-39100 + ग्रेड पे 5400/- रुपये
एक्स्प्लोसिव एक्सपर्ट15600-39100 + ग्रेड पे 5400/- रुपये
बायोलॉजी एक्सपर्ट15600-39100 + ग्रेड पे 5400/- रुपये
सुपरिन्टेन्डेन्ट ऑफ़ पुलिस15600-39100 + ग्रेड पे 7600/- रुपये
एडिशनल सुपरिन्टेन्डेन्ट ऑफ़ पुलिस15600-39100 + ग्रेड पे 6600/-
डिप्टी सुपरिन्टेन्डेन्ट ऑफ़ पुलिस15600-39100 + ग्रेड पे 5400/- रुपये
इंस्पेक्टर9300-34800 + ग्रेड पे 4600/- रुपये
सब इंस्पेक्टर9300-34800 + ग्रेड पे 4600/- रुपये
अकाउंटेंट9300-34800 + ग्रेड पे 4200/- रुपये
स्टेनोग्राफर9300-34800 + ग्रेड पे 4200/- रुपये
असिस्टेंट9300-34800 + ग्रेड पे 4200/- रुपये
फोटोग्राफर9300-34800 + ग्रेड पे 4200/- रुपये

एनआईए में नौकरी कैसे मिलेगी (Recruitment)

स्टाफ सिलेक्शन कमीशन के द्वारा नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी में जो भी खाली पोस्ट होती है, उसकी जानकारी को इकट्ठा किया जाता है और फिर हर साल नोटिफिकेशन के माध्यम से खाली पड़े पदों पर वैकेंसी के लिए आवेदन मांगे जाते हैं। इसके अलावा नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी भी अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर भर्ती का नोटिफिकेशन जारी करती है। नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी की आधिकारिक वेबसाइट का लिंक है। आप नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी की आधिकारिक वेबसाइट से वैकेंसी की इनफार्मेशन हासिल कर सकते हैं।

एनआईए में भर्ती हेतु शैक्षिक योग्यता (Qualification)

यदि किसी अभ्यर्थी ने देश के किसी भी मान्यता प्राप्त इंस्टीट्यूट से किसी भी संकाय से ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल कर ली है तो वह राष्ट्रीय जांच एजेंसी के द्वारा निकाले गए पदों के लिए आवेदन कर सकता है।

एनआईए में भर्ती हेतु दस्तावेज (Documents)

  • आधार कार्ड
  • पैन कार्ड
  • फोन नंबर
  • ईमेल आईडी
  • शैक्षणिक दस्तावेज
  • कास्ट सर्टिफिकेट
  • निवास सर्टिफिकेट
  • आय प्रमाण पत्र
  • अन्य दस्तावेज

एनआईए के लिए शारीरिक योग्यता (Physical Eligibility)

नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी में पुरुष उम्मीदवारों की लंबाई 170 सेमी और महिला उम्मीदवारों की लंबाई 150 सेंटीमीटर होनी चाहिए। वहीं पुरुष उम्मीदवारों की छाती 46 सेंटीमीटर होनी चाहिए। महिलाओं पर यह नियम लागू नहीं होते हैं, तथा पुरुष उम्मीदवारों का वजन कम से कम 50 किलो और महिला उम्मीदवारों का वजन कम से कम 40 किलो तो होना ही चाहिए। वही सामान्य श्रेणी के उम्मीदवारों की उम्र 18 से लेकर 30 साल होनी चाहिए। वही अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के उम्मीदवारों को उम्र सीमा में छूट मिलती है।

Note: यहां पर बताना चाहते हैं कि, आरक्षण वालों को उम्र सीमा में तथा शारीरिक योग्यता में छूट दी जाती है। इसके लिए आरक्षण का सर्टिफिकेट प्रस्तुत करना आवश्यक है।

एनआईए के रीजनल ऑफिस (Regional Office)

नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी के रिजिनल ऑफिस निम्न शहरों में मौजूद है।

  • NIA HYDERABAD
  • NIA GUWAHATI
  • NIA KOCHI
  • NIA LUCKNOW
  • NIA MUMBAI
  • NIA KOLKATA
  • NIA RAIPUR
  • NIA JAMMU

एनआईए ऑफिसर कैसे बने (NIA Officer)

एसएससी सीजीएल जैसी एंट्रेंस एग्जाम को पास करने की आवश्यकता हर उस व्यक्ति को पडती है, जो नेशनल इन्वेस्टिगेशन ऑफीसर बनना चाहता है। यह एक्जाम टोटल चार चरणों में पूरी होती है, जिसे TIER1, TIER2, TIER3 और TIER4 कहा जाता है। आपको इन सभी चरणों की जानकारी नीचे उपलब्ध करवाई जा रही है।

TIER-1

इस एग्जाम में शामिल होने के पश्चात आपको अंग्रेजी, रीजनिंग, मैथमेटिक्स, जनरल नॉलेज और जनरल स्टडी से संबंधित जो सवाल आते हैं उनका जवाब देने की आवश्यकता होती है। इस एग्जाम में आपको चारों सब्जेक्ट से मिला करके 25-25 नंबर के टोटल 100 सवाल पूछे जाते हैं और टोटल मिलने वाले अंक 200 होते हैं। अगर आपने किसी सवाल का गलत जवाब दिया होता है, तो आपके टोटल प्राप्तांक में से 50 अंक काट लिए जाते हैं अर्थात यहां पर नेगेटिव मार्किंग की व्यवस्था है।

TIER-2

इस वाले एग्जाम में व्यक्ति को गणित और अंग्रेजी सब्जेक्ट से संबंधित सवाल का जवाब देने की आवश्यकता होती है, जिसके अंतर्गत गणित के 100 क्वेश्चन और अंग्रेजी से 100 क्वेश्चन पूछे जाते हैं। और दोनों के 200-200 नंबर होते हैं और पेपर देने के लिए 2 घंटे का समय एग्जाम कमेटी के द्वारा दिया जाता है। यहां पर भी नेगेटिव मार्किंग है, जिसके अंतर्गत हर गलत जवाब पर आपके टोटल प्राप्तांक में से 0.25 अंक काट लिए जाते हैं।

TIER-3

यहां पर आपको जो टॉपिक दिया जाता है, उस पर अच्छा सा निबंध लिखने की आवश्यकता होती है, जो कम से कम 700 या 1000 शब्द से अधिक होना चाहिए।

TIER-4

इस वाले चरण में व्यक्ति को कंप्यूटर टाइपिंग टेस्ट देने की आवश्यकता होती है।

NOTE: नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी में अधिकारी बनने के लिए आपको फिजिकल टेस्ट और मेडिकल टेस्ट देने की आवश्यकता होती है। इस प्रकार से सभी प्रक्रिया को पूरा करने के बाद आप नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी में संबंधित पद पर नौकरी प्राप्त करने में सफल होते हैं।

एनआईए में नौकरी के लिए आवेदन कैसे करें (Online Apply)

राष्ट्रीय जांच एजेंसी में नौकरी पाने के लिए आप निम्न प्रक्रिया का पालन करके आवेदन कर सकते हैं।

  • आप जिस पोस्ट के लिए आवेदन करना चाहते हैं और जिस पोस्ट के लिए आप एलिजिबल है, सबसे पहले उसके नोटिफिकेशन को पढ़ लेना है।
  • नोटिफिकेशन पढ़ने के पश्चात आपको संबंधित विभाग की आधिकारिक वेबसाइट पर चले जाने की आवश्यकता होती है।
  • वेबसाइट पर पहुंचने के पश्चात आपको संबंधित पद के नाम के ऊपर क्लिक करना है और महत्वपूर्ण जानकारी को एप्लीकेशन फार्म के अंदर भरकर आपको अपना ऑनलाइन आवेदन पूरा कर लेना होता है।
  • ऑनलाइन आवेदन करने के बाद आपको एप्लीकेशन का प्रिंट आउट निकालने की आवश्यकता होती है।
  • इस प्रकार से आसानी से आप नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी पोस्ट के लिए आवेदन कर सकते हैं।

एनआईए अमेंडमेंट एक्ट (NIA Amendment Act)

नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी एक्ट 2019 को पार्लियामेंट के द्वारा पास किया गया है और राष्ट्रपति के द्वारा साल 2019 के जुलाई के महीने में इसे मंजूरी दी गई है। इस एक्ट में साल 2008 के नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी के एक्ट में कुछ अपडेट किया गया है, जो निम्न अनुसार है।

  • उपरोक्त अमेंडमेंट एक्ट के अंतर्गत नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी ह्यूमन ट्रैफिकिंग, बैंक नोट की कालाबाजारी से संबंधित मामले, प्रतिबंधित हथियारों की बिक्री या मैन्युफैक्चरिंग से संबंधित मामले, एक्सप्लोसिव सब्सटेंस एक्ट 1908 से संबंधित मामले, साइबर टेररिज्म से संबंधित मामले की जांच भी कर सकती है।
  • नेशनल INVESTIGATION एजेंसी के पास इंटरनेशनल संधि और दूसरे देश के डोमेस्टिक कानून के अधीन इंडियन क्षेत्र के बाहर किए गए क्राइम की जांच करने का अधिकार भी अब मौजूद है।
  • गवर्नमेंट के द्वारा राष्ट्रीय जांच एजेंसी को अनुसूचित क्राइम की सुनवाई के लिए स्पेशल कोर्ट को बनाने की परमिशन दे दी गई है।
  • नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी के कोर्ट के मुकदमे को किसी दूसरे कोर्ट में किसी दूसरे मामले में आरोपी के केस की तुलना में ज्यादा प्राथमिकता दी जा सकती है।
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FAQ

Q : एनआईए का गठन कब हुआ?

Ans : एनआईए की स्थापना साल 2009 में की गई थी।

Q : एनआईए प्रमुख कौन है?

Ans : संस्था के प्रमुख दिनकर गुप्ता हैं।

Q : एनआईए का गठन किसने किया?

Ans : भारतीय केंद्र सरकार ने इसका गठन किया।

Q : एनआईए का फुल फॉर्म क्या है?

Ans : इसका फुल फॉर्म नेशनल इन्वेस्टीगेशन एजेंसी है, जिसे हिंदी में राष्ट्रीय जांच एजेंसी कहते हैं।

Q : एनआईए की सैलरी कितनी होती है?

Ans : प्रमुख पदों के सैलरी की डिटेल्स आर्टिकल में दी गई है।

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